जन्म प्रमाण पत्र फर्जीवाड़ा का भंडाफोड़: अन्तरराज्यीय गैंग के पांच सदस्य गिरफ्तार, मोबाइल-लैपटाप की बड़ी खेप बरामद
जौनपुर। जलालपुर थाना पुलिस ने फर्जी जन्म प्रमाण पत्र बनाने वाले अन्तरराज्यीय गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए पांच सदस्यों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने इनके कब्जे से 9 एंड्रॉइड मोबाइल फोन और 4 लैपटॉप बरामद किए हैं। आरोपी अलग-अलग राज्यों में सक्रिय रहकर लोगों से भारी रकम वसूल कर फर्जी दस्तावेज तैयार करते थे।
मिली जानकारी के अनुसार, 22 नवंबर को जलालपुर क्षेत्र के असबरनपुर निवासी रतन कुमार ने अपनी बेटी का जन्म प्रमाण पत्र बनवाने के लिए ग्राम मुरलीपुर थाना केराकत निवासी विजय यादव को कागज दिए थे, जो आधार कार्ड बनाने का कार्य करता है। बाद में जब प्रमाण पत्र का सत्यापन कराया गया तो वह फर्जी निकला। जांच में यह भी सामने आया कि विजय यादव एक संगठित गैंग का हिस्सा है, जो फर्जी जन्म एवं मृत्यु प्रमाण पत्र तैयार कर भोले-भाले लोगों से मोटी रकम वसूलता था।
तहरीर के आधार पर पुलिस जांच में जुटी और गुरुवार सुबह उपनिरीक्षक मोहन प्रसाद व बलवंता की टीम ने कार्रवाई करते हुए गैंग के दो सदस्यों — अंकित यादव उर्फ शुभम यादव (निवासी मऊ) और राजकुमार उर्फ विक्की (निवासी गौतमबुद्ध नगर) — को नहोरा सई नदी के पास से गिरफ्तार किया। इनके पास से तीन मोबाइल और तीन लैपटॉप बरामद हुए।
इसके बाद पुलिस ने गैंग के तीन और सदस्यों — राशिद (मधुबनी, बिहार), राजीव कुमार (अमरोहा) और अभिषेक गुप्ता (लखनऊ) — को बाकराबाद हाईवे तिराहे से गिरफ्तार किया। इनके पास छह एंड्रॉइड मोबाइल और एक लैपटॉप मिला।
पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे ग्राम पंचायतों की आईडी से मिलते-जुलते पासवर्ड ट्राई कर लॉगिन करते थे। इसके बाद ‘एनीडेस्क’ के माध्यम से स्क्रीन शेयर कर पासवर्ड जनरेट कर लेते थे और उसी का उपयोग कर फर्जी जन्म प्रमाण पत्र तैयार करते थे। पुलिस मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है और गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश जारी है।






